अनमोल वचन
🌷🌷🌷🌷🌷🌷
*भीतर क्षमा हो, तो क्षमा निकलेगी।*
*भीतर ईर्ष्या द्वेष, अहंकार रूपी गन्दगी भरी हैं तो गन्दगी ही निकलेगी...*
*इसलिए जब भी कुछ बाहर निकले, तो दूसरे को दोषी मत ठहराना, यह हमारी ही संपदा हैं जिसको हम अपने भीतर छिपाए बैठे हैं।*🙏🏻
*केवल रक्त सम्बंध से ही*
*कोई अपना नही होता*
*प्रेम, सहयोग, विश्वास, निष्ठा*
*सुरक्षा, सहानुभूति*
*और*
*सम्मान*
*ये सभी ऐसे भाव है जो*
*परायो को भी अपना*
*बनाते हैं !!*
🌷🌷🌷🌷🌷🌷
आज का अनमोल मोती
गुरुवार, 25 जून 2020
Edit
🌷🌷🌷🌷🌷🌷
*भीतर क्षमा हो, तो क्षमा निकलेगी।*
*भीतर ईर्ष्या द्वेष, अहंकार रूपी गन्दगी भरी हैं तो गन्दगी ही निकलेगी...*
*इसलिए जब भी कुछ बाहर निकले, तो दूसरे को दोषी मत ठहराना, यह हमारी ही संपदा हैं जिसको हम अपने भीतर छिपाए बैठे हैं।*🙏🏻
*केवल रक्त सम्बंध से ही*
*कोई अपना नही होता*
*प्रेम, सहयोग, विश्वास, निष्ठा*
*सुरक्षा, सहानुभूति*
*और*
*सम्मान*
*ये सभी ऐसे भाव है जो*
*परायो को भी अपना*
*बनाते हैं !!*
🌷🌷🌷🌷🌷🌷
Previous article
Next article
