तिजाहीन बहनों ने फुलहरा का विसर्जन कर तोड़ा उपवास
तिजाहीन बहनों ने फुलहरा का विसर्जन कर तोड़ा उपवास
आरंग
छत्तीसगढ़ के पारंपरिक धार्मिक महत्व को समेटे हुए तीज पर्व भाद्र मास, शुक्ल पक्ष, तृतीया तिथि ,हस्त नक्षत्र पर महिलाओं ने करू भात खाकर पति की लंबी उम्र,अखंड सौभाग्य एवं परिवार की सुख समृद्धि की कामना लिए कठिन निर्जला व्रत किया इसी कड़ी में श्याम बाजार हनुमान मंदिर आरंग में काली मिट्टी से शिव परिवार निर्मित कर फुलहरा बांधकर पूजन सामग्री श्रीफल, कलश, अबीर, चंदन ,घी तेल, कपूर, दीपक, जनेऊ, धूप दीप ,दूध ,दही, शक्कर, शहद,पंचामृत, गंगाजल, बेलपत्र शमी पत्र ,केले के पत्ते, धतूरे के फल फूल,अक्षत, अनेक प्रकार के नैवेद्य खीरा, केला, सेब फल, ठेठरि, खुमी, गुझिया, खीर , पूरी, मिठाई आदि के द्वारा श्री गणेश,भगवान शिव पार्वती का अभिषेक पूजन हवन आदि के द्वारा आरती की थाल सजाकर मधुर भाव से शिव गौरा पार्वती का अर्चन किया, तत्पश्चात सुहाग की सामग्री मेहंदी, चूड़ी ,बिछिया, काजल, बिंदी ,कुमकुम ,सिंदूर कंघी , आलता, साड़ी आदि भेंट किए एवं हरतालिका तीज की कहानी सुने एवं रात्रि जागरण कर शिवजी को रिझाने के लिए मधुर भजन भी गाए गए एवं सुबह पुनः पूजा दर्शन कर तालाब में फुलहरा का विसर्जन किया गया एवं फलाहार के द्वारा उपवास को तोड़ा इस अवसर पर विद्यावती वैष्णव, सती सैनिक, कांति साहू ,झरना साहू, लक्ष्मी साहू, रामबाई साहू ,गीता साहू, प्यारी साहू ,कुमारी साहू, ज्योति साहू ,संतोषी साहू, सरस्वती साहू, भारती अवसर मल ,आरती गोयल ,उमा साहू, पुष्पा अवसर, आदि की सहभागिता रही।

