*विपक्ष के खिलाफ सत्ता का षड़यंत्र लोकतंत्र को कर देगा समाप्त-भीमआर्मी* - fastnewsharpal.com
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*विपक्ष के खिलाफ सत्ता का षड़यंत्र लोकतंत्र को कर देगा समाप्त-भीमआर्मी*

 विपक्ष के खिलाफ सत्ता का षड़यंत्र लोकतंत्र को कर देगा समाप्त-भीमआर्मी



अजीत सिंह,बिलासपुर 

 उत्तरप्रदेश की हाथरस घटना पर भीमआर्मी की संभागीय अध्यक्ष फरहा खान ने कहा कि सत्तारूढ़ दल जिस तरह से विपक्ष के खिलाफ कैम्पेन चला रही है उससे लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा है। यह खतरा इसलिए भी बड़ा है कि जिस लोकतंत्र में विपक्ष नही होता वहां का मीडिया केवल सूचना चांेगा बन जाता है। विश्व के कई देश इसका उद्हारण है। भीमआर्मी ऐसे हर षड़यंत्र को उजागर करने में विश्वास रखती है। सरकार प्रयोजित होकर जिस तरह हाथरस घटना का विवरण प्रस्तुत किया जा रहा है, वह ठीक उसी तर्ज पर है जिस तरह महाराष्ट्र में एन बी सी 50 ग्राम ड्रग में श्रृंखला बद्ध रिर्पोटिंग हुई। संभागीय अध्यक्ष ने भीमआर्मी के सुप्रिमों चंद्रशेखर आजाद (रावण) से लंबी चर्चा की और उत्तरप्रदेश में वर्तमान राजनीतिक परिदृष्य समझने का प्रयास किया। चंद्रशेखर ने बताया कि उत्तरप्रदेश में लोकतंत्र तीनों स्तर पर दम तोड़ रहा है। लोकतंत्र के तीन खम्बों में से दो समाप्त प्रयाय है। सदन की बैठके लगातार कम होती जा रही है। नौकरशाही में जवाब देही इस तरह बदल गई है कि पुरा तंत्र केवल सीएम भक्ती में लगा है। आम जनता सरकार के छोटे कर्मचारी अब अपने अस्तित्व को खतरे में पा रहे है। यहंा तक की 29 दिन से बिजली विभाग के कर्मचारी निजीकरण के खिलाफ आंदोलन रत है। किन्तु यह आंदोलन खबरों से गायब है। देश सहित उत्तरप्रदेश के उद्योग धंधे ठप है। विकास दर गोता लगाकर पाताल में चली गई है। किन्तु सरकार प्रायोजित खबरे कुछ और ही गाथा बताती है। व्यवस्था जब चाहे जिसे चाहे राष्ट्रद्रोही बताकर लंबी अवधी के लिए जेल दाखिल कर सकती है। जैसा की डाॅक्टर कफिल के मामले में हुआ। डीएम किसके इशारे पर ऐसा करता है अब यह बताने की जरूरत नही है। उत्तरप्रदेश एक व्यक्ति की सनक से संचालित है। जनता के कुछ लोग तो यहां तक कहते है कि उत्तरप्रदेश के और विभाजन हो जाते तो अन्य राज्य तो इस सनक से बच जाते। भीमआर्मी को भले ही खबरों में स्थान ना मिले किन्तु पिछड़ों और सरकारी षड़यत्र के शिकार को न्याय दिलाने पार्टी हमेशा संघर्षरत है।





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