बालोद जिला के वन विभाग के डीएफओ द्वारा पाटेश्वर धाम में आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए निर्मित भवनों में कब्जा करने का एवम निर्माणाधीन माँ कौशल्या मंदिर को हटाने का नोटिस बार-बार दिये जाने व देश मे सन्तो के साथ हो रहे अभद्रता और जानलेवा हमले पर सन्त बालकदास जी ने किया अपील
बालोद जिला के वन विभाग के डीएफओ द्वारा पाटेश्वर धाम में आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए निर्मित भवनों में कब्जा करने का एवम निर्माणाधीन माँ कौशल्या मंदिर को हटाने का नोटिस बार-बार दिये जाने व देश मे सन्तो के साथ हो रहे अभद्रता और जानलेवा हमले पर सन्त बालकदास जी ने किया अपील
सन्त जी का अपील सुने
प्रतिदिन की भांति सुबह 10:00 से 11:00 बजे एवं दोपहर 1:00 से 2:00 बजे श्री सीता रसोई संचालन ग्रुप में पाटेश्वर धाम के संत राम बालक दास जी ने ऑनलाइन सत्संग का आयोजन किया आज ऑनलाइन सत्संग में भक्तों के द्वारा पाटेश्वर धाम के ऊपर वन विभाग छत्तीसगढ़ शासन के द्वारा लगाए गए नोटिस का विरोध किया गया साथ ही इस विषय पर श्री राम बालक दास जी ने अपना पक्ष भी सभी के सामने रखा बाबा जी ने बताया जामड़ी पाट देवस्थान हजारों वर्षों से इस वन क्षेत्र के आदिवासी समाज का पूजित स्थान रहा है जहां पर सन 1975 से पूज्य गुरुदेव जी का आगमन हुआ यह स्थान विगत 45 वर्षों से देशभर के भक्तों के लिए आस्था का स्थल है जहां प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में भक्तगण दर्शन करने के लिए आते हैं पाटेश्वर धाम में प्रतिदिन आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए प्रदेश सरकार के वन विभाग द्वारा बाउंड्री वाल का निर्माण तथा अन्य शासकीय विभागों द्वारा भक्तों के विश्राम के लिए भवन निर्माण पेयजल व्यवस्था एवं विद्युत व्यवस्था सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई है साथ ही संपूर्ण देश भाई के भक्तों द्वारा दिए गए दान की राशि से भारत का अद्वितीय मां कौशल्या जन्मभूमि मंदिर का भव्य निर्माण श्री बालयोगेश्वर रामबालक दास महात्यागी के संचालन में किया जा रहा है लेकिन सितंबर 2020 से बालोद जिला के वन विभाग के डीएफओ द्वारा पाटेश्वर धाम में आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए निर्मित भवनों में कब्जा करने का एवम निर्माणाधीन माँ कौशल्या मंदिर को हटाने का नोटिस बार-बार दिया जा रहा है जबकि बालोद जिला एवं छत्तीसगढ़ प्रांत में हजारों पूजा स्थल हिंदू धर्म एवं अन्य धर्मों के हैं जो फॉरेस्ट भूमि पर स्थित है उनको नोटिस नहीं दिया जा रहा है केवल पाटेश्वर धाम को षडयंत्र पूर्वक टारगेट बनाकर नोटिस भेजा जाना पूरी तरह अनुचित है जिसके कारण संत श्री राम बालक दास जी व भक्तगण मानसिक रूप से प्रताड़ित हो गए हैं साथ ही पाटेश्वर धाम पर जिला वन अधिकारी द्वारा किए गए इस अपमानजनक कृत्य से संपूर्ण देश भाई के भक्तगण व संत समाज आक्रोशित हो गए हैं इस विषय में वन मंत्री को भी छत्तीसगढ़ शासन को भी ज्ञापन एवं ग्राम सभा का प्रस्ताव संत श्री राम बालक दास जी द्वारा 5 नवंबर 2020 को सौंपा जा चुका है विगत दिनों देश के विभिन्न राज्यों में संतों के खिलाफ हुए घटनाओं को ध्यान में रखते हुए महामहिम राज्यपाल जी से भी निवेदन किया गया है कि ऐसी घटना छत्तीसगढ़ जिला के बालोद में स्थित पाटेश्वर धाम में ना घटे इसीलिए पाटेश्वर धाम के साथ-साथ महंत श्री राम जानकी दास जी महाराज की कथा संत श्री राम बालक दास जी को सुरक्षा प्रदान किया जाए एवं संबंधित विभाग एवं अधिकारियों पर पर आवश्यक कार्यवाही किया जाए ताकि बालोद जिला सहित पूरे प्रदेश में सामाजिक सद्भावना बनी रहे इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पास करते हुए आज की परिचर्चा संपन्न हुई जय सियाराम जय गौ माता जय गोपाल।
