*प्राथमिकता से कोरोना का टीका लगाने तथा 50 लाख का बीमा कवर देने की मांग*
*शिक्षकों को प्रथम पंक्ति के कोरोनावारियर्स मानें*
*प्राथमिकता से कोरोना का टीका लगाने तथा 50 लाख का बीमा कवर देने की मांग*
आरंग
-छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के ब्लॉक अध्यक्ष हरीश दीवान ने मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़, स्वास्थ्य मंत्री, शिक्षा मंत्री, मुख्यसचिव छ ग शासन, स्वास्थ्य सचिव छ ग शासन, शिक्षा सचिव छ ग शासन से मांग की शिक्षकों को प्रथम पंक्ति के कोरोनावारियर्स के रूप में कोरोना का टीका लगाने तथा 50 लाख का बीमा कवर देने की मांग की है। वर्तमान में रायपुर शहर में विकाशखण्ड आरंग ,धरसींवा के शिक्षको की कटेन्मेंट जोन,होम आइसिलोशन ,ट्रेसिंग एवम वृहद वैक्सीन शिविर आयोजन में आदि कार्यो के लिए शिक्षको की ड्यूटी लगाई गई है*
*छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा,प्रदेश उपाध्यक्ष देवनाथ साहू,जिला अध्यक्ष ओमप्रकाश सोनकला ब्लॉक अध्यक्ष हरीश दीवान जिला सयोंजक-इंद्रजीत वर्मा,श्रीमती मौसमी शर्मा जिला उपाध्यक्ष बृजलाल वर्मा श्रीमती सविता रात्रे महासचिव सुनील चंद्राकर,जीतेन्द्र मिश्रा श्रीमती कनकलता गहलोत महामंत्री कमल किशोर ठाकुर, मनोज मुछावड श्रीमती तृप्ति शर्मा सह सचिव रामजी वर्मा श्रीमती सुधा अवस्थी श्रीमतीं इंदु सिंह संगठन मंत्री-अलंकार सिंह परिहार श्रीमतीं सुनीता पांडेय संगठन सचिव कोमल वर्मा,श्रीमतीं सुमन मंधान प्रचार सचिव सुनील भारती श्रीमति नीता साहू संयुक्त सचिव गिरवर सोनवानी श्रीमतीं भगवती ठाकुर प्रचार मंत्री रूद्र नारायण तिवारी,श्रीमतीं अनीता सिंह कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल मांझी,अरविंद वैष्णव नितिन मिश्र, भरत चंद्राकर, भास्कर यादव, राजेश बंजारे, विजय देवांगन जितेंद्र शुक्ला, रवि शर्मा, प्रह्लाद शर्मा, रोशन चंद्राकर न ने कहा है कि शिक्षकों के लिए शाला बंद नही है, मध्यान्ह भोजन, जाति प्रमाण पत्र, 10 वीं व 12 वीं परीक्षा, स्वैक्षिक मोहल्ला क्लास आदि कार्यों से प्रतिदिन शिक्षक सैकड़ों छात्रों से नियमित संपर्क में है साथ ही प्रतिदिन विद्यालय आ रहे है अध्यक्ष हरीश दीवान ने कहा इसीके फलस्वरूप शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल परसदा, रीवा ,कोसरंगी, गनोद गुजरा के शिक्षक गन कोरोना पॉजिटिव पाए गए है जिससे विद्यालय 3 दिनों के लिए भी बंद किया गया है जिससे अब शिक्षक व बच्चो में संक्रमण तेजी से फैलने की आशंका है, जो जानलेवा साबित हो सकता है।साथ ही राज्य भर में लगभग सेकड़ो शिक्षको की कोरोना से मौत हो चुकी है शिक्षक भी प्रथम पंक्ति के कोरोनावरियर्स हैं जिनका सीधा संबंध देश के नौनिहालों से रहता है, शिक्षक सुरक्षित रहेंगे तो बच्चे भी सुरक्षित रहेंगे, इसीलिए सभी शिक्षकों को बिना किसी उम्र बंधन के स्वास्थ्य कर्मचारियों के समान कोरोना का टीका लगाया जावे।*
*शिक्षको को कोरोना के लिए स्वास्थ्य विभाग की तरह बीमा की परिधि में लाया जावे तथा 50 लाख बीमा का प्रावधान किया जावे।*
*शिक्षको के कार्यस्थल पर न्यूनतम जोखिम हेतु आवश्यक संसाधनों की पूर्ति किया जावे।*
