*दया ही धर्म है को चरितार्थ कर रहे टिकेंद्र उपाध्याय*
*कोरोना पीड़ितों के परिजनों की सेवा में लगी सेवा सुगन्धम सामाजिक संस्था*
*दया ही धर्म है को चरितार्थ कर रहे टिकेंद्र उपाध्याय*
सुरेन्द्र जैन/धरसीवां
एक तरफ़ जहां जीवन बचाने एक दूसरे से दूरियां बनाकर रहने या यूं कहें नफरत फैलाने वाली बीमारी चारो तरफ पैर पसारे खड़ी है तो दूसरी तरफ नफरत फैलाने वाली बीमारी के बीच दया ही धर्म है के सिद्धांत को साकार करते हुए अपने प्राणों की परवाह किये बिना सेवा सुगन्धम सामाजिक संस्था छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के अस्पतालों में भर्ती मरीजों के परिजनों को भोजन उपलब्ध कराने का पुण्य कमा रही है।
सामाजिक क्षेत्र में जानी मानी संस्था जन कल्याण समिति सेवा सुगंधम के प्रमुख टिकेंद्र उपाध्याय ने बताया की वह ओर उनकी टीम कोरोना वारियर बनकर शासकीय जिला अस्पताल में दाखिल कोरोना पीड़ित मरीजों के परिजनों को जो अस्पताल के परिसर में अपने प्रियजनों के स्वस्थ होकर बाहर आने की आस में टकटकी लगाए बैठे रहते हैं उनके लिए इस संस्था ने गर्म भोजन का इंतजाम किया है। संस्था के संस्थापक टिकेंद्र उपाध्याय तथा उनकी टीम के कर्मठ और समर्पित रूप से सेवा भावी टिकेंद्र उपाध्याय गणेश वर्मा,आशीष शुक्ल,राजेन्द्र अग्रवाल,प्रखर,आशीष उपाध्याय, नंन्दन सिंह ,राजेन्द्र पांडेय,नंदन,अशोक तिवारी,चेतन देवांगन, नितेश जैन, विनीत उपाध्याय,हिमांशु,राजेश्वरी उपाध्याय, एवम आकांक्षा उपाध्याय सतत रूप से प्रतिदिन 200 पैकेट भोजन तैयार करने पूरा परिवार तन मन से लगकर परमार्थ कार्य में लगे हुए है साथ ही 72 वर्ष की माता जी भीइस काम में हाथ बटा रही है । और अपने वाहन से शहर के कोविड के अस्पतालो में घूम घूम कर कोरोना प्रोटोकाल का पालन करते हुए भोजन के गर्म पैकेट्स दे रहे हैं। भोजन के साथ बोतल बन्द पानी भी दिया जा रहा है। टिकेंद्र उपाध्याय ने बताया कि मानवीय संवेदनाओं से लबरेज दानदाताओं की भी कमीं नही है जो मुक्त हस्त से इस लोक कल्याणकारी हमारे मिशन में सहयोग कर हमारा मनोबल बढ़ा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि गत वर्ष भी कोरोना संकट काल मे उन्होंने नगर ने घूम घूम कर फ्रंट लाइन कोरोना वारियर्स के लिए पेयजल,भोजन और नाश्ते के पैकेट्स, शीतल जल,लस्सी, फल का वितरण कर उन्हें संबल प्रदान किया था। इतना ही नही संस्था के द्वारा कोरोना को मात देने लोगों में प्रतिरोधक शक्ति बढ़ाने गिलोय युक्त काढ़े का सेवन भिन्न भिन्न स्थानों पर स्टॉल लगा कर कराया था।उन्होंने इस पुण्य कार्य मे सभी से जरूरत मंद लोगो की सेवा और मदत करने तथा जुड़ने का आग्रह किया है।

